:पढ़ने का तरीक़ा: शब्द (वज़्न) सभी अर्थ

अंक(21) संख्या के सूचक चिह्न; परीक्षा आदि में सफलता की सूचक इकाइयां (नंबर); नाटक का एक खंड या भाग जिसमें कई दृश्य हो सकते है; पत्र-पत्रिकाओं का किसी निश्चित समय पर होने वाला प्रकाशन।

अंकुर(22) गुठली, बीज आदि से निकलने वाला नया डंठल, जड़ या डाल से निकलने वाला नया पत्ता
अंकुश(22) लोहे का कांटा जिससे हाथी को चलाया और वश में किया जाता है; नियंत्रण, दबाव या रोक।
अंग(21) शरीर के विभिन्न अवयव; शरीर, देह; भाग।
अंचल(22) सीमा के आसपास का प्रदेश; आंचल या पल्ला।
अंडा(22) कुछ विशिष्ट मादा जीवों के गर्भाश्य से निकलने वाला एक पिंड।
अंत(21) समाप्ति, अवसान।
अंतरंग(2121) घनिष्ठ, आत्मीय; भीतरी।
अंतर (22) दो वस्तुओं के बीच की दूरी, फासला; भेद, भिन्नता।
अंतरिक्ष(2121) पृथ्वी तथा अन्य ग्रहों या लोकों के बीच का स्थान।
अंतर्राष्ट्रीय(212121) एक से अधिक राष्ट्रों से संबंध रखने वाला।
अंतिम(22) सबसे पीछे का, आखिरी; चरम, परम।
अंदर(22) भीतर।
अंधकार(2121) अंधेरा
अंधा(22) देखने की शक्ति से रहित।
अंश(21) भाग, हिस्सा, खंड, टुकड़ा।
अकड़ना(122) कड़ा होना, ऐंठना; घमंड दिखाना या दुराग्रह करना।
अकाल(121) दुर्भिक्ष; कमी, अभाव।
अकेला(122) बिना साथी का।
अक़्ल(21) बुद्धि, समझ।
अक्सर(22) बहुधा, प्राय:
अक्षर(22) वर्ण। अविनाशी, नित्य।
अखंड(121) जिसके खंड न हुए हों, पूरा, समूचा।
अख़बार(221) समाचार पत्र

अखरना(122) बुरा या अप्रिय लगना, खलना, ख़टकना।
अखाड़ा(122) व्यायामशाला, कसरत करने का स्थान; साधुओं की साम्प्रदायिक मंडली या उनके रहने का स्थान।
अगर(12) यदि, जो। एक पेड़ जिसकी लकड़ी बहुत सुगंधित होती है।
अगरबत्ती(1222) वह बत्ती जो सुगंधि के निमित्त जलाई जाती है।
अगला(22) सबसे आगे, सबसे पहले या सामने वाला; भविष्य में आने वाला।
अगाध(121) अथाह; बहुत अधिक (प्रेम आदि); अपार।
अग्नि(21) आग
अग्रज(22) बड़ा भाई
अचल(12) जो अपने स्थान पर बना रहे, गतिहीन, स्थिर
अचानक(122) बिना पूर्व सूचना के, एकाएक, सहसा।
अच्छा(22) ठीक, उपयुक्त; जो बुरा न हो, दोष-रहित। आश्चर्य, स्वीकृतिसूचक अव्यय।
अजगर(22) एक विशाल सर्प जो बकरी, हिरन आदि को निगल जाता है।
अजायबघर(1222) वह भवन जहां पर पुराकालीन कला-कौशल संबंधी विभिन्न प्रकार की अद्भुत और विलक्षण वस्तुएं संग्रहीत तथा प्रदर्शित की जाती हैं, संग्रहालय।

अज़ीज़(121) (عزیز): अज़ीज़ एक ऐसा लफ़्ज़ है जिसे अक्सर लोग अजीज़ बोलते हैं. कुछ लोगों का नाम भी अज़ीज़ है लेकिन उनको भी लोग अजीज़ ही कहते पाए जाते हैं, हालाँकि सही लफ़्ज़ अज़ीज़ है. अजीज़ भी लफ़्ज़ होता है लेकिन उसका अर्थ अलग होता है.अज़ीज़ का अर्थ प्यारा होता है लेकिन अजीज़ का अर्थ नपुंसक होता है. उर्दू शाइरी में अज़ीज़ का वज़्न 121 लिया जाता है. (अ-1,ज़ी-2,ज़-1) [वज़्न अजीज़ का भी यही होगा क्यूँकि बोलते वक़्त हर्फ़ों की जुगलबंदी बिलकुल एक जैसी ही है]

अटकना(122) चलते-चलते या कोई काम करत-करते रुक जाना, रुकना।
अड़ना(22) बीच में रुकना या फंसना; हठ करना।
अड्डा(22) टिकने, ठहरने या बैठने का स्थान।
अणु(11) किसी तत्व या धातु का वह बहुत छोटा अंश जिसमें उसके सभी संयोजक अंश वर्तमान हों; अत्यन्त सूक्ष्म मात्रा या वस्तु।
अतिथि(21) पाहुना, अभ्यागत, मेहमान।
अदालत(122) न्यायालय।
अधिक(12) बहुत; अतिरिक्त।
अधिवेशन(222) किसी बड़ी सभा की लगातार होने वाली बैठकों का सामूहिक नाम।
अधिसूचना(2212) किसी बात की ओर विशिष्ट रूप से ध्यान आकृष्ट करने के लिए दी जाने वाली सूचना (नोटिफिकेशन)।
अधूरा(122) जो पूरा न हो या जो समाप्त न हुआ हो।
अध्यक्ष(221) किसी संघ, संस्था, समिति आदि का प्रधान; स्पीकर, चेयरमैन।
अध्यादेश(2221) वह आधिकारिक आदेश जो किसी कार्य, व्यवस्था आदि के संबंध में राज्य के प्रधान शासक द्वारा निकाला गया हो (आर्डिनेंस)।
अध्यापक(222) पढ़ाने वाला, शिक्षक।
अध्याय(221) ग्रंथ या पुस्तक का खंड या विभाग; प्रकरण।
अनगिनत(212) बहुत अधिक।
अनशन(22) आहार त्याग, उपवास; भूख-हड़ताल।
अनाथ(121) जिसका पालन-पोषण करने वाला कोई न हो। असहाय, अशरण, दीन, दुखी।
अनाथालय(1222) वह स्थान जहां अनाथों का पालन-पोषण होता है।
अनावरण किसी महापुरुष के चित्र, मूर्ति आदि से समारोहपूर्वक परदा हटा कर उसे सर्व-साधारण के लिए दर्शनीय किया जाना, उद्घाटन।

अनिवार्य(222) जिससे बचा न जा सके, अवश्यभावी।
अनुकरण(212) नकल, अनुसरण।
अनुक्रमणिका(2222) किसी विशेष क्रम के आधार पर बनाई गई सूची।
अनुज(12) छोटा भाई।
अनुराग(221) प्रेम, आसक्ति।
अनुवाद(221) एक भाषा में लिखि या कही हुई बात को दूसरी भाषा में कहने या लिखने की क्रिया, भाषांतर।
अनुसंधान(2221) खोज, अन्वेषण।
अनुसार(221) किसी के ढंग या रूप से मिलता हुआ, अनुरूप।
अनुसूचित(222) जिसे अनुसूची में स्थान मिला हो।
अनुसूची(222) किसी लेख या ग्रंथ के अंत में परिशिष्ट के रूप में लगी हुई सूची (शैड्यूल)।
अनेक(121) एक से अधिक, कई, बहुत।
अन्न(21) अनाज।
अन्य(21) दूसरा।
अन्याय(221) न्याय-विरुद्ध कार्य; अति अनुचित व्यवहार।
अपना(22) आत्मसंबंधी, निजका। आत्मीय, स्वजन।
अपनाना(222) अपना बनाना; ग्रहण करना, स्वीकार करना।
अपने-आप(2221) बिना किसी की प्रेरणा के; स्वत: खुद-बखुद।
अपमान(221) मानहानि, अनादर; तिरस्कार।
अपराध(221) अनुचित या दंडनीय कार्य; दोष, ग़लती।
अपराधी(222) अपराध करने वाला।
अपराह्न(222) दोपहर के बाद का काल, तीसरा पहर।
अपाहिज(122) लूला लंगड़ा, विकलांग।
अफ़सर(22) अधिकारी।
अफ़ीम(121) पोस्त के डंठलों से निकाला जाने वाला मादक पदार्थ।
अभयदान (1221) सुरक्षा का वचन देना।
अभिनंदन(222) किसी को पूज्य मान कर उसके प्रति शुभकामना और श्रद्धा प्रकट करना।
अभिनय(22) आंगिक चेष्ठा, हावभाव।
अभिनेता(222) रंगमंच पर अभिनय या नाटक करने वाला।
अभिप्राय(221) उद्देश्य, प्रयोजन; आशय, मतलब।
अभिभावक(222) सरंक्षक (गार्जियन)।
अभिमान(221) अहंकार, घमंड।
अभियान(221) किसी विशिष्ट कार्य की सिद्धि के लिए दल-बल सहित जाना; सैनिक आक्रमण, चढ़ाई।
अभियुक्त(221) वह जिस पर न्यायालय में कोई अभियोग लगाया गया हो, मुलजिम, अपराधी।
अभियोग(221) अपराध का आरोप; दंड दिलाने के लिए न्यायालय से की जाने वाली फरियाद, मुक़दमा।
अभिलाषा(222) इच्छा, कामना, आकांक्षा।
अभिलेख(221) किसी घटना, विषय, व्यक्ति आदि से संबंधित लिखित प्रामाणिक सामग्री।
अभिवादन(222) श्रद्धापूर्वक किय़ा जाने वाला नमस्कार, प्रणाम।
अभिशाप(221) शाप, अहित कामनासूचक शब्द।
अभी(12) इसी समय, इसी क्षण, तुरंत; आजकल, इन दिनों।
अभीष्ट(122) जिसकी इच्छा या कामना की जाए; मनोरथ।
अभ्याय(221) दक्षता प्राप्त करने के लिए दत्तचित्त होकर किसी काम को बार-बार करने की क्रिया।
अमर(12) कभी न मरने वाला; जिसका कभी अंत, क्षय या नाश न हो।
अमल(12) प्रयोग, व्यवहार।
अमानत(122) धरोहर, थाती।
अमावस्या(1222) चांद मास के कृष्ण पक्ष का अंतिम दिन जिसमें रात को चंद्रमा की एक भी कला नहीं दिखाई देती।
अमिट(12) मिटने या नष्ट न होने वाला, स्थायी। अटल, अवश्यंभावी।
अमीर(121) धनवान, व्यक्ति, रईश; सरदार, प्रमुख।
अमुक(12) कोई अनिश्चित व्यक्ति अथवा वस्तु
अमृत(22) एक प्रसिद्ध कल्पित पेय जिसके सम्बंध में यह मान्यता है कि उसके पीने से प्राणी सदा के लिए अमर हो जाता है, सुधा, पीयूष।
अम्ल(21) खट्टापन, खटाई; तेजाब (एसिड)।
अरथी (अर्थी) (22) वह तख़्ता, सीढ़ी आदि जिस पर मृत शरीर को अंत्येष्टि के लिए ले जाया जाता है, जनाज़ा ।
अराजकता (1222) अव्यवस्था; शासनतंत्र का अभाव।
अरुण(12) लाल रंग का, रक्त वर्ण का; सुर्ख। गहरा लाल रंग; सूर्य।
अर्चना(212) पूजा, वंदना।
अर्थ(21) अभिप्राय, माने; धन-संपत्ति, पैसा।
अर्थशास्त्र(2122) वह शास्त्र जो मनुष्य की आर्थिक क्रियायों का विवेचन करता है और उपयोगी पदार्थों के उत्पादन, उपभोग, वितरण और विनिमय की समुचित जानकारी देता है।

अर्ध(21) आधा।
अर्धमासिक(2122) मास के आधे भाग का, पाक्षिक।
अर्धांगिनी(2212) धर्मपत्नी।
अर्पण(22) किसी को आदरपूर्वक कुछ देना, सौंपना या भेंट करना।
अलंकरण(1212) पदक या पदवी द्वारा विभूषित करने की क्रिया।
अलंकार(1221) सौंदर्यवर्धक वस्तु या सामग्री, सजावट; आभूषण, गहना; रचनागत विशिष्ट शब्दयोजना या अर्थ चमत्कार।
अलग(12) दूर हटा हुआ, पृथक; औरों से भिन्न।
अलता(22) लाख से बना हुआ वह लाल रंग जो स्त्रियां शोभा के लिए पैरों में लगाती है, महावर।

अलबम(22) तसवीरें रखने की किताब या कापी, चित्राधार।
अलमारी(222) काठ, लोहे आदि का या दीवार में बना एक प्रकार का ऊंचा या लंबा आधान, जिसमें चीजें रखने के लिए खाने या घर बने होते है।
अलापना(1212) गाने के समय लंबा स्वर खींचना, तान लगाना।
अलावा(122) अतिरिक्त, सिवाय।
अलौकिक(122) जो इस लोक में न मिलता हो, लोकोत्तर; असाधारण, अद्भुत।
अल्प(21) कम थोड़ा, विरल; तुच्छ।
अल्पविराम(21121) एक विराम चिह्न जो वाक्य के पदों में पार्थक्क दिखाने या बोलने में कुछ ठहराव सूचित करने के लिए प्रयुक्त होता है (कॉमा)।

अल्पसंख्यक(21212) वह दल, पक्ष या समाज जिसके अनुयायियों की संख्या अन्य दलों, पक्षों या समाजों से अपेक्षाकृत कम हो।
अल्पाहार(21221) उचित या साधारण से बहुत कम खाना, थोड़ा भोजन।
अवकाश(221) छुट्टी या फुरसत का समय; रिक्त या शून्य स्थान।
अवज्ञा(122) किसी आज्ञा या कानून को न मानना, उल्लंधन; अनादर, अपमान।
अवतरण(212) लेख, वचन आदि का उद्धृत, अंश, उद्धरण; ऊपर से नीचे आना, उतरना।
अवतार(221) पौराणिक मान्यता के अनुसार ईश्वर का भौतिक या मानव रूप धारण करके इस संसार में आना; जिसके संबंध में यह माना जाता है कि वह ईश्वर का अंश और प्रतिनिधि है।

अवयव(22) शरीर का कोई अंग; किसी वस्तु का कोई अंश, भाग, हिस्सा।
अवरोह(221) ऊपर या ऊंचाई से नीचे आना, उतरना; संगीत में स्वरों के ऊपर से नीचे आने का क्रम।
अवलंब(221) आश्रय, सहारा, भरोसा।
अवशेष(221) जो उपयोग, नाश, व्यय आदि के उपरांत बाकी रहे।
अवश्य(121) निश्चित रूप से, जरूर।
अवसर(22) सुयोग, मौका।
अवसाद(221) आशा, उत्साह, शक्ति आदि का अभाव, शिथिलता, उदासी; विषाद, रंज।
अवसान(221) अंत, समाप्ति; मरण, मृत्यु।
अवहेलना(2212) अवज्ञा, तिरस्कार; उपेक्षा, तिरस्कार।
अवांछित(122) जो चाहा न गया हो।
अवाक्(121) मौन, चुप, स्तब्ध।
अविकल(22) ज्यों का त्यों; पूरा, संपूर्ण।
अविरल(22) जो विरल अर्थात् दूर-दूर पर स्थित न हो, घना, सघन; अतंरहीन, निरंतर।
अविलंब(22) बिना देर किए, तुरंत, तत्काल।
अवैतनिक(1212) बिना वेतन का (आनरेरी)।
अवैध(121) जो विधि या विधान के विरुद्ध हो।
अव्यवस्था (2122) व्यवस्था (क्रम, नियम, मर्यादा आदि) का अभाव, गड़बड़ी; प्रबंध आदि में होने वाली गड़बड़ी, कुव्यवस्था।

अशुद्ध(121) जो शुद्ध न हो, जिसमें पवित्रता का अभाव हो, अपवित्र; जिसका शोधन या संस्कार न हुआ हो, दोषपूर्ण, त्रुटिपूर्ण।
अशुद्धि(121) शुद्ध न होने की अवस्था या भाव, अशुद्धता। त्रुटि, ग़लती।
अशुभ(12) जो शुभ (भला या हितकर) न हो, अमांगलिक या बुरा। अंमंगल, अहित; दोष या पाप।
अश्लील(221) नैतिक या सामाजिक आदर्शों , से च्युत, सभ्य पुरुषों की रुचि के प्रतिकूल, गंदा फूहड़।
अष्टमी(22) शुक्ल या कृष्ण पक्ष की आठवीं तिथि।
असंख्य(121) जो गिनती में बहुत अधिक हो; जिसकी गिनती न हो सके, अनगिनत।
असंगत(122) जो संगत न हो, बेमेल, असंबद्ध, प्रसंग-विरुद्ध; अनुचित, अनुपयुक्त।
असंतोष(1221) संतोष का अभाव।
असंभव(122) जो कभी घटित न हो सके।
असत्य(121) जो सत्य या उसके अनुरूप॒ न हो, झूठा या मिथ्या।
असभ्य(121) जो सभ्य न हो, अशिष्ट, गंवार।
असमंजस(222) कुछ करने, कहने आदि से पहले की वह मानसिक स्थिति जिसमें कर्त्तव्य निश्चित या स्थिर न हो सका हो, दुविधा।
असमर्थ(221) अशक्त; जो किसी विशिष्ट काम को कर सकने के योग्य न हो।
असर(12) प्रभाव।
असल(12) [अस्ल (21)] वास्तविक। मूलधन।
असली(22) असल।
असहयोग(1221) औरों के साथ मिलकर काम न करने की क्रिया या भाव।
असह्य(22) जो सहा न जा सके, उम्र, तीव्र या विकट।
असाधारण(1222) जो सामान्य न हो, असामान्य।
असीम(121) जिसकी कोई सीमा न हो; बहुत अधिक, अपार।
असुर(12) दैत्य, दानव, राक्षस।
असुविधा(122) सुविधा का अभाव; कठिनाई।
अस्तबल(212) वह स्थान जहां घोड़े बांधे जाते है, घुड़साल, अश्वशाला।
अस्तव्यस्त(2122) जिसका क्रम या व्यवस्था छिन्न-भिन्न हो चुकी हो, इधर-उधर बिखरा हुआ, तितर-बितर।
अस्तित्व(221) होने का भाव, विद्यमानता, सत्ता।
अस्त्र(21) फेंक कर चलाया जाने वाला हथियार।
अस्थि(21) हड्डी।
अस्थिर(22) जिसमें स्थिरता न हो, गतिमान, चंचल।
अस्पताल(2121) वह स्थान जहां रोगियों की चिकित्सा की व्यवस्था होती है, चिकित्सालय।
अस्वस्थ(221) जो स्वस्थ न हो, बीमार या रोगी; दूषित, बुरा।
अहं(21) अहंकार, अभिमान।
अहंकार(1221) अभिमान, गर्व।
अहाता(122) चारों ओर से घिरा हुआ मैदान या स्थान, हाता; चारदिवारी।
अहिंसा(122) किसी की हत्या न करने या किसी को किसी भी तरह से तनिक भी कष्ट न पहुंचाने की क्रिया या भावना।

अहित(12) भलाई का अभाव या उसका विपरीत भाव, अपकार, हानि।

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