व्याकरण की बातें(6): “वाला/वाली” शब्द के प्रयोग

हिंदी वर्णमाला जहाँ अक्षरों के मामले में धनी है। वहीं कई शब्द ऐसे भी हैं जो अलग-अलग जगह इस्तेमाल होते समय अलग-अलग अर्थ देते हैं और कुछ शब्द ऐसे हैं जो हैं तो एक ही लेकिन कभी वो किसी शब्द के साथ जुड़ जाते हैं तो कभी अलग ही लिखे जाते हैं जैसे “की” के बारे में पहले आप पढ़ चुके हैं वो संज्ञा शब्दों के साथ तो अलग लिखा जाता है लेकिन सर्वनाम में साथ जुड़ जाता है (संजय की किताब, रजनी की सायकिल, आपकी मुस्कान, उसकी ज़ुबान)

आज भी हम एक ऐसे ही शब्द की बातें लेकर आएँ हैं जिसका इस्तेमाल अलग-अलग जगह अलग-अलग होता है। कभी वो शब्द के साथ जुड़ता है तो कभी वो अलग लिखा जाता है। ये शब्द है “वाला

क्रिया रूप में:

जब “वाला/वाली” शब्द क्रिया रूप में प्रयोग होता है यानी कि किसी क्रिया (होना, जाना, करना, सोना आदि) के साथ लगता है, तो उसे अलग लिखा जाता है।

क्रिया रूप में “वाला” शब्द आमतौर पर जुड़ता है जब “भविष्यकाल” की होती है या यूँ कहें कि वाक्य भविष्य में होने वाली किसी बात को दर्शा रहा हो।

उदाहरण: मैं जयपुर जाने वाला/वाली हूँ।

  • मैं पढ़ाई करने वाला/वाली हूँ।
  • मैं आज गाने वाला/वाली हूँ।
  • मैं उससे साफ़-साफ़ बोलने वाला/वाली हूँ।
  • हम पिकनिक पर जाने वाले हैं।

अगर  “भूतकाल” में प्रयोग हो रहा हो तो:

उदाहरण: जो जाने वाला/वाली था, वो चला गया।

  • जो गाने वाले थे, वो आए ही नहीं।
  • दिन भर घर में चहकने वाली थी, वो तो है नहीं।

इसी तरह कई बार कुछ निश्चित परिस्थिति को दर्शाने के लिए भी “वाला/वाली” का प्रयोग होता है, आमतौर पर इन वाक्यों में बहुवचन का प्रयोग होता है, इसलिए “वाले/वालों” का प्रयोग देखा जा सकता है:

उदाहरण: जाने वालों को कौन रोक सकता है?

  • जो करने वाले होते हैं वो बोलते नहीं, कर दिखाते हैं।
  • काम करने वालों को न कहीं चैन है न आराम।

प्रत्यय के रूप में:

वाला/वाली” योजक प्रत्यय के रूप में भी लगता है, इस समय वो पहले शब्द के साथ जुड़ जाता है। आमतौर पर ये किसी भी व्यक्ति को किसी ख़ास तरह से बुलाने के लिए प्रयोग होता है।

उदाहरण: टोपीवाला(टोपी बेचने वाला), सब्ज़ीवाला(सब्ज़ी बेचने वाला), दिलवाला, चूड़ीवाली, रद्दीवाला आदि।

लेकिन कई बार प्रत्यय रूप में भी “वाला/वाली” को अलग भी लिखा जाता है।ऐसा तब होता है जब वो निर्देशक शब्द हो यानी कि वो किसी ख़ास बात को बताने के लिए प्रयुक्त हो रहा हो।

उदाहरण: यह वाला कपड़ा, वो वाला मकान, दूसरा वाला गमला, नीली वाली किताब, वो वाली बात, काली आँखों वाली लड़की, लम्बे बालों वाला लड़का।

प्रत्यय रूप में “वाला/वाली” कब अलग लिखा जाएगा और कब साथ में, ये हम उसकी रचना से समझ सकते हैं।

उदाहरण: गाड़ीवाला(गाड़ी चालक), गाड़ी वाला आदमी (जिसके पास गाड़ी हो)

  • गाँववाला(जो गाँव में रहता हो), गाँव वाला घर( वो घर जो गाँव में हो)

 

याद रखने योग्य बातें:

  • वाला/वाली जब क्रिया रूप में जुड़ता है तब अलग लिखा जाता है।
  • वाला/वाली का प्रयोग वर्तमान काल के वाक्य में क्रिया रूप में नहीं होता। लेकिन वर्तमान काल में योजक प्रत्यय के रूप में इस्तेमाल होता है।
  • योजक प्रत्यय के रूप में जुड़ने पर “वाला/वाली” एक ही शब्द के रूप में लिखा जाता है।
  • अगर निर्देशक शब्द की तरह लगे, तो अलग ही लगता है।

 आशा है आपको हमारी व्याकरण “वाली” बातें अच्छी लगती होंगी। आप और हम मिलकर कुछ सीख रहे हैं, वो कहते हैं न कि सीखने “वाले” किसी से भी सीख लेते हैं। वैसे भी ये सारी बातें किसी दुकान में तो मिलती नहीं कि कोई “दुकानवाला” हमें बेच दे। आपको हमारी ये “वाली” पोस्ट कैसी लगी ये भी बताइएगा और पहले “वाली” पोस्ट के बारे में भी, आज के लिए इतना ही।

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